अमेरिका में जयशंकर ने बीजेपी समर्थक प्रवासी संगठन से की मुलाकात, क्वाड बैठक में भी हुए शामिल
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अमेरिका यात्रा के दौरान अटलांटा में ओवरसीज फ्रेंड्स ऑफ बीजेपी के सदस्यों और भारतीय प्रवासियों से मुलाकात की। उन्होंने जी20 विदेश मंत्रियों की बैठक में वैश्विक सप्लाई चेन और औद्योगीकरण के अधिकार पर भारत का पक्ष रखा। क्वाड बैठक में तकनीक, महत्वपूर्ण खनिज, ऊर्जा और हिंद-प्रशांत क्षेत्र से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई।
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अमेरिका की यात्रा के दौरान अटलांटा में ‘ओवरसीज फ्रेंड्स ऑफ बीजेपी’ (OFBJP) के सदस्यों से मुलाकात की। उन्होंने इस बातचीत पर खुशी जताते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि अटलांटा में सुबह संगठन के सदस्यों से मिलना उनके लिए सुखद अनुभव रहा।
इससे पहले रविवार को जयशंकर ने वहां रह रहे भारतीय समुदाय के लोगों से भी मुलाकात की। उन्होंने प्रवासी भारतीयों की उपलब्धियों और उनके योगदान की सराहना करते हुए कहा कि भारतीय समुदाय के साथ बातचीत करना हमेशा अच्छा लगता है और उन्हें उनकी उपलब्धियों पर गर्व है।
जी20 बैठक में सप्लाई चेन पर भारत का पक्ष रखा
जयशंकर जी20 विदेश मंत्रियों की बैठक में शामिल होने के लिए अटलांटा पहुंचे थे। बैठक के दौरान उन्होंने वैश्विक सप्लाई चेन को मजबूत बनाने, आर्थिक सहयोग बढ़ाने और हिंद-प्रशांत क्षेत्र से जुड़े घटनाक्रमों पर चर्चा की।
शनिवार को बैठक के समापन पर आयोजित तीसरे पूर्ण सत्र में सप्लाई चेन से जुड़े मुद्दों पर विचार किया गया। जयशंकर ने कहा कि वैश्विक अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए सप्लाई चेन का सुरक्षित और भरोसेमंद होना जरूरी है।
उन्होंने औद्योगीकरण के अधिकार को बढ़ावा देने की बात कही। साथ ही, शोषणकारी तौर-तरीकों और निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों का विरोध करने पर जोर दिया।
क्वाड बैठक में सप्लाई चेन और तकनीकी सहयोग पर चर्चा
विदेश मंत्री ने अटलांटा में क्वाड देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक में भी भाग लिया। इसमें अमेरिका, भारत, जापान और ऑस्ट्रेलिया के विदेश मंत्रियों ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र की प्राथमिकताओं और सहयोग के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।
बैठक में जयशंकर के साथ अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो, जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी और ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग शामिल हुईं।
जयशंकर ने कहा कि क्वाड का उद्देश्य हिंद-प्रशांत क्षेत्र में स्थिरता और समृद्धि को बढ़ावा देना तथा देशों की अपनी पसंद के अनुसार फैसले लेने की स्वतंत्रता को बनाए रखना है।
महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर
क्वाड बैठक में मजबूत सप्लाई चेन के साथ तकनीक, महत्वपूर्ण खनिजों और ऊर्जा जैसे रणनीतिक क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की जरूरत पर भी चर्चा हुई। जयशंकर ने गैर-बाजार प्रथाओं का मुकाबला करने और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में आर्थिक दबाव से जुड़ी चुनौतियों पर ध्यान देने की बात कही।
एंटीगुआ और बारबुडा भी जाएंगे जयशंकर
विदेश मंत्रालय के अनुसार, अमेरिका में अपने कार्यक्रम पूरे करने के बाद विदेश मंत्री एस. जयशंकर एंटीगुआ और बारबुडा जाएंगे। वहां वह राष्ट्रमंडल शासनाध्यक्षों की बैठक (CHOGM) में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करेंगे।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)